Sun Nov 03 08:08:13 UTC 2024: ## गोवर्धन पूजा: कृष्ण की लीला और भोजन का त्योहार

**नई दिल्ली:** दीपावली के अगले दिन मनाया जाने वाला गोवर्धन पूजा, हिंदू धर्म में एक महत्वपूर्ण त्योहार है, जिसे अन्नकूट या बली प्रतिपदा के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन, महाराष्ट्र और गुजरात में व्यापारी समुदाय नए साल का स्वागत करते हैं।

गोवर्धन पूजा के पीछे की कहानी भगवान कृष्ण से जुड़ी है, जिनके द्वारा गोकुलवासियों को इन्द्र के क्रोध से बचाने के लिए गोवर्धन पर्वत को उठाकर उन पर छाया देने की लीला का स्मरण इस दिन किया जाता है। इस दिन लोग गोवर्धन पर्वत की पूजा करते हैं, गायों को सजाते हैं, और विशेष प्रार्थनाएँ करते हैं।

प्राचीन काल में लोग इन्द्र देवता की पूजा करते थे और उन्हें भोग लगाने के लिए विभिन्न प्रकार के पकवान और मिठाइयाँ बनाते थे। यह परंपरा अब गोवर्धन की पूजा के साथ जुड़ गई है, और अन्नकूट का उत्सव इसी परंपरा का प्रतीक है। इस दिन, लोगों द्वारा विभिन्न प्रकार के पकवान बनाए जाते हैं और भगवान को भोग लगाया जाता है।

काशी में अन्नपूर्णा देवी के मंदिर में अन्नकूट के अवसर पर भात और मिठाई का पहाड़ बनाया जाता है और 56 प्रकार के पकवानों का भोग लगाया जाता है।

गोवर्धन पूजा का त्योहार पति की लंबी उम्र, परिवार के सुख, और समृद्धि की कामना का प्रतीक है।

Read More