Wed Oct 02 13:56:52 UTC 2024: ## ईरान-इजराइल युद्ध: भारत को झुलसाने की आशंका, महंगाई से लेकर शेयर बाजार तक प्रभावित
ईरान और इजराइल के बीच चल रहे युद्ध ने मंगलवार को एक नया मोड़ ले लिया है, जब ईरान ने इजराइल पर मिसाइल हमले किए। इस घटना ने युद्ध को क्षेत्रीय स्तर से आगे बढ़ाकर विश्व स्तर पर प्रभावित करने की आशंका पैदा कर दी है। भारत भी इस संघर्ष से प्रभावित होने की संभावना से जूझ रहा है।
**महंगाई में बढ़ोतरी:** ईरान-इजराइल युद्ध का सबसे बड़ा असर भारत में महंगाई पर देखने को मिल सकता है। भारत अपनी पेट्रोलियम जरूरतों का 80% से ज्यादा आयात करता है। कच्चे तेल की कीमतें मंगलवार को 4% तक बढ़ गई हैं, जिससे पेट्रोल और डीजल के दामों में बढ़ोतरी की आशंका है। इससे माल ढुलाई की लागत बढ़ेगी, जो आखिरकार खाने-पीने की चीजों और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में वृद्धि के रूप में उपभोक्ताओं तक पहुंचेगा।
**आरबीआई के लिए मुश्किल फैसला:** ईरान-इजराइल युद्ध ने भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के सामने एक और चुनौती खड़ी कर दी है। पहले से ही अमेरिका के फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कमी करने और चीन द्वारा अपनी अर्थव्यवस्था के लिए 142 अरब डॉलर के बचाव पैकेज की घोषणा के बाद, ईरान-इजराइल संघर्ष और महंगाई का बढ़ता खतरा आरबीआई के लिए मौद्रिक नीति समिति की बैठक में फैसला लेना और भी मुश्किल बना देता है।
**शेयर बाजार में गिरावट:** ईरान-इजराइल संघर्ष ने वैश्विक स्तर पर शेयर बाजारों में नरमी का रुख देखने को मिला है। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में गिरावट दर्ज की गई है और भारतीय शेयर बाजार भी इस प्रभाव से अछूता नहीं है। कच्चे तेल और सोने की कीमतों में वृद्धि, डॉलर इंडेक्स में उतार-चढ़ाव और चीन में शेयर बाजार में तेजी का असर भारतीय शेयर बाजार के विदेशी निवेशकों के प्रवाह पर पड़ सकता है, जिससे बाजार में सुधार की संभावना बढ़ गई है।
ईरान-इजराइल संघर्ष की पृष्ठभूमि में भारत को कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। महंगाई नियंत्रण से लेकर शेयर बाजार की अस्थिरता तक, इस युद्ध का प्रभाव भारतीय अर्थव्यवस्था पर लंबा साया डाल सकता है।