Wed Apr 02 07:20:00 UTC 2025: ## वक्फ संशोधन विधेयक को लेकर संसद में आज तनातनी की उम्मीद
**नई दिल्ली, 2 अप्रैल 2025:** आज लोकसभा में वक्फ (संशोधन) विधेयक 2024 पेश किया जाएगा, जिससे संसद में तेज बहस की उम्मीद है। भाजपा ने अपने सभी सांसदों को व्हिप जारी कर बिल के समर्थन में मतदान करने का निर्देश दिया है, जबकि विपक्षी दल इसके विरोध में रणनीति बना रहे हैं।
यह विधेयक वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन और पारदर्शिता में सुधार के लिए कई महत्वपूर्ण बदलाव लाता है। इसमें राज्य वक्फ बोर्ड और केंद्रीय वक्फ परिषद में दो गैर-मुस्लिम सदस्यों को शामिल करना अनिवार्य किया गया है, साथ ही बोर्ड में दो मुस्लिम महिलाओं की नियुक्ति का भी प्रावधान है।
विधेयक के साथ वक्फ बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) की भूमिका भी चर्चा में आ गई है। वक्फ अधिनियम, 1995 के अनुसार, राज्य सरकार द्वारा नियुक्त ये अधिकारी, अक्सर IAS, RAS, या PCS अधिकारी होते हैं। CEO वक्फ संपत्तियों के संरक्षण, कानूनी मामलों की देखरेख, कर्मचारियों के प्रबंधन और वक्फ की आय-व्यय पर नज़र रखने जैसे महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। हालांकि, रिपोर्टों के अनुसार, उन्हें अतिरिक्त पदभार के रूप में यह जिम्मेदारी मिलती है और अलग से वेतन नहीं दिया जाता, पर उन्हें सरकारी सुविधाएँ प्रदान की जाती हैं।