Sun Sep 15 04:57:02 UTC 2024: ## देश ने मनाया इंजीनियर्स डे, महान इंजीनियर विश्वेश्वरैया को किया याद
**नई दिल्ली:** हर साल 15 सितंबर को देश में इंजीनियर्स डे मनाया जाता है। यह दिन भारत के महानतम इंजीनियरों में से एक, सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया को समर्पित है।
विश्वेश्वरैया का जन्म 15 सितंबर 1861 को कर्नाटक के मैसूर जिले में हुआ था। उन्होंने कृष्णा राज सागर बांध जैसी विशाल सिंचाई परियोजनाओं का निर्माण कर भारत के कृषि क्षेत्र को नई ऊंचाइयां दीं। जल विद्युत उत्पादन में भी उन्होंने अहम योगदान दिया। इसके अलावा, उन्होंने शहरों के नियोजन और शहरी विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
भारत सरकार ने उनके असाधारण योगदान के लिए उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया।
विश्वेश्वरैया का जीवन प्रेरणादायक रहा है। बचपन से ही उनकी सीखने की ललक देखते बनती थी। उन्होंने पुणे के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की और बॉम्बे में पीडब्ल्यूडी में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।
इंजीनियर्स डे सिर्फ एक दिन नहीं है, बल्कि यह इंजीनियरों को समर्पित एक पूरे सप्ताह का जश्न है। देश भर में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है, जिनमें व्याख्यान, प्रदर्शनियां और पुरस्कार समारोह शामिल हैं।
विश्वेश्वरैया ने कहा था, ‘एक इंजीनियर का काम सिर्फ मशीनें बनाना नहीं है, बल्कि एक बेहतर समाज का निर्माण करना है।’
विश्वेश्वरैया के जीवन से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा भी है। एक बार एक अंग्रेजी अधिकारी के साथ ट्रेन में सफर करते हुए उन्होंने रेल की पटरी टूटने का अनुमान लगाकर ट्रेन रुकवाई थी। इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि ज्ञान और बुद्धिमत्ता हमेशा दिखावटी चीजों में नहीं होती है।
विश्वेश्वरैया सिर्फ एक इंजीनियर ही नहीं थे, बल्कि एक दूरदर्शी थे जिन्होंने भारत के विकास में अहम भूमिका निभाई। उनकी उपलब्धियां आज भी देश के विकास के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।