Mon Apr 07 00:40:00 UTC 2025: ## दिल्ली में शिशु मृत्यु दर में भारी वृद्धि, स्वास्थ्य सेवाओं पर उठे सवाल
**नई दिल्ली:** राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में शिशु मृत्यु दर में चिंताजनक वृद्धि देखी गई है। वर्ष 2023 में 7439 शिशुओं की मृत्यु हुई है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं की दक्षता और उपलब्धता पर सवाल उठ रहे हैं। प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, गर्भावस्था में ठीक से विकास न होना, कुपोषण, निमोनिया और सेप्टिसीमिया शिशु मृत्यु के प्रमुख कारण हैं। सरकारी अस्पतालों में नवजात शिशु देखभाल इकाइयों (एनआईसीयू) और अन्य आवश्यक सुविधाओं की कमी भी एक बड़ी चुनौती है।
इस बढ़ती शिशु मृत्यु दर को देखते हुए, सरकार से प्रभावी उपायों और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की जा रही है। इसमें बेहतर मातृ और शिशु स्वास्थ्य सेवाओं का प्रावधान, कुपोषण से निपटने के लिए व्यापक कार्यक्रम, और सरकारी अस्पतालों में एनआईसीयू जैसी सुविधाओं का विस्तार शामिल है।
इस खबर के साथ ही, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) की दो महत्वपूर्ण उपलब्धियों का भी उल्लेख किया गया है। AIIMS के डॉक्टरों ने सर्वाइकल कैंसर की पहचान के लिए एक नई AI तकनीक विकसित की है, जिससे इसका शीघ्र पता लगाना संभव हो सकेगा। साथ ही, AIIMS के डॉक्टरों ने दुनिया में पहली बार 11 वर्षीय बच्ची के पैंक्रियाज कैंसर का दूरबीन से सफल ऑपरेशन किया है।
हालांकि, दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण के कारण गंभीर बीमारियों के मामलों में भी वृद्धि देखी जा रही है, जिससे बच्चों और बुजुर्गों को सबसे अधिक खतरा है। इसलिए, प्रदूषण से बचाव के लिए सावधानी बरतना अत्यंत आवश्यक है।