Fri Sep 20 08:43:35 UTC 2024: ## तिरुपति लड्डू में पशु चर्बी के कथित प्रयोग से विवाद: तेदेपा ने गुजरात लैब रिपोर्ट का हवाला दिया
**तिरुपति:** विश्व प्रसिद्ध तिरुपति लड्डू के निर्माण में घटिया सामग्री और पशु चर्बी के कथित प्रयोग को लेकर विवाद गहरा गया है। तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा) ने गुरुवार को दावा किया कि गुजरात स्थित एक पशुधन लैब ने लड्डू में पशु चर्बी की मिलावट की पुष्टि की है। तेदेपा प्रवक्ता अनम वेंकट रमण रेड्डी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कथित लैब रिपोर्ट दिखाई, जिसमें घी के नमूने में गोमांस की चर्बी होने की पुष्टि की गई थी। रिपोर्ट में ‘लार्ड’ (सूअर की चर्बी से संबंधित) और मछली के तेल की मौजूदगी का भी दावा किया गया है।
नमूना 9 जुलाई, 2024 को लिया गया था और लैब रिपोर्ट 16 जुलाई की थी। हालांकि, आंध्र प्रदेश सरकार या तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी), जो श्री वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर का प्रबंधन करता है, ने इस लैब रिपोर्ट की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
यह लैब- सीएएलएफ (पशुधन एवं खाद्य विश्लेषण एवं अध्ययन केंद्र) गुजरात के आनंद में स्थित एनडीडीबी (राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड) की एक बहु-विषयक विश्लेषणात्मक लैब है।
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री और तेदेपा सुप्रीमो एन. चंद्रबाबू नायडू ने बुधवार को आरोप लगाया था कि पिछली वाईएसआरसीपी सरकार ने पवित्र मिठाई तिरुपति लड्डू बनाने में घटिया सामग्री और पशु चर्बी का इस्तेमाल किया था।
वाईएसआरसीपी ने गुरुवार को नायडू के दावे को खारिज कर दिया है। वाईएसआरसीपी अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी की बहन और राज्य कांग्रेस प्रमुख वाईएस शर्मिला ने नायडू के दावे की पुष्टि के लिए केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) जांच की मांग की है। उन्होंने तिरुपति लड्डू की तैयारी को लेकर घृणित राजनीति करने के लिए मुख्यमंत्री और वाईएसआरसीपी पर हमला बोला।
विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने भी इस मुद्दे को गंभीर करार देते हुए इस मामले में लिप्त लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।